मेरे आंगनिये पधारो मेरे श्याम धणी सरकार लिरिक्स
मेरे आंगनिये पधारो,
मेरे श्याम धणी सरकार,
मेरे आंगनिये,
ग्यारस की मैंने रात जगाई,
दिया कीर्तन ज्योत जगाई,
लीले के असवार,
मेरे आंगनिये,
मेरे आंगनिये पधारों,
मेरे श्याम धणी सरकार,
मेरे आंगनिये।bd।
तर्ज -...
सतगुरु शरण में सभी फल मिलेंगे भजन लिरिक्स
सतगुरु शरण में,
सभी फल मिलेंगे,
गुरु मिल गए तो,
युगल भी मिलेंगे,
सतगुरु शरण मे।bd।
देखे - हमारे है श्री गुरुदेव।
सभी मुश्किलें अब तो,
आसान होगी,
हमारी समस्याओं,
के हल मिलेंगे,
सतगुरु...
जिसका बाबा चलाए उसे क्या फिकर भजन लिरिक्स
मुझको ना कोई चिंता,
नहीं कोई डर,
जिसका बाबा चलाए,
उसे क्या फिकर,
मेरी परवाह करता,
ये आठों पहर,
जिसका बाबा चलाये,
उसे क्या फिकर,
मुझको ना कोई चिंता,
नहीं कोई डर।bd।
तर्ज -...
चुरू वाले चले आओ कहाँ हो भजन लिरिक्स
चुरू वाले चले आओ,
कहाँ हो,
सुनलो आवाज ओ बाबा,
जहाँ हो,
चुरू वाले चले आओं,
कहाँ हो।bd।
तर्ज - अकेले है चले आओ।
तुम्हे सब कुछ पता है,
मेरी क्या ये...
जप ले राधा राधा नाम भजन लिरिक्स
जप ले राधा राधा नाम,
जप लें राधा राधा नाम,
मिले परमसुख परमशान्ति,
मिले परमसुख परमशान्ति,
मिले परमधन धाम,
जपलें राधा राधा नाम,
जपलें राधा राधा नाम।bd।
jap le radha radha...
मेरी फरियाद सुन मोहन तेरे दर आया दीवाना लिरिक्स
मेरी फरियाद सुन मोहन,
तेरे दर आया दीवाना,
मन की मुरादें पूरी कर,
सिवा तेरे ना कोई ठिकाना,
मेरी फरीयाद सुन मोहन,
तेरे दर आया दीवाना।bd।
meri fariyad sun mohan...
दिल में समाया मेरा सांवरा सलोना भजन लिरिक्स
दिल में समाया मेरा,
सांवरा सलोना,
तेरे जैसा श्याम कोई,
और नहीं होना,
तू है मेरा चितचोर सांवरिया,
तू है मेरा चितचोर सांवरिया।bd।
देखे - मेरा सांवरा सलोना दिलदार।
मैं बैरागन...
भूल गया मानव मर्यादा जब कलयुग की हवा चली लिरिक्स
भूल गया मानव मर्यादा,
जब कलयुग की हवा चली,
धूप कपुर ना बिके नारियल,
दारू बिक रही गली गली।bd।
तर्ज - क्या मिलिए ऐसे लोगो।
देखे - कलयुग बैठा...
चालो ज्वाला झाड़ी हे मां बिगड़े बणावै काम
चालो ज्वाला झाड़ी हे,
हे मां बिगड़े बणावै काम।bd।
नारियल चुंदड़ी मां की मंगाल्यो,
अगर धूप और ज्योत उठाल्यो,
हे दुर की करलयो गाड़ी हे,
हे मां बिगड़े बणावै...
ब्रज के नंदलाला श्री राधा जी के सांवरिया लिरिक्स
ब्रज के नंदलाला,
श्री राधा जी के सांवरिया,
सब दुःख दूर हुए,
जबसे तेरा नाम लिया।bd।
मीरा पुकारे तुझे,
गिरधर गोपाला,
बन गया अम्रतमय,
विष का भरा प्याला,
कौन मिटाए उसे,
जिसने तेरा...









