अहसान तेरे कैसे चुकाऊं मुझको बता दो श्याम कैसे रिझाऊं
अहसान तेरे कैसे चुकाऊं,
मुझको बता दो श्याम,
कैसे रिझाऊं,
अहसान तेरे।bd।
तर्ज - सागर किनारे।
ठिकाना नहीं था,
दुनिया में मेरा,
मिला जबसे से मुझको,
सहारा ये तेरा,
दुनिया बदल मेरी,
कही क्यों...
तुम्ही राम मेरे कन्हैया तुम्ही हो भजन लिरिक्स
तुम्ही राम मेरे,
कन्हैया तुम्ही हो,
जीवन की नैया के,
खिवैया तुम्ही हो,
तुम्हीं राम मेरे,
कन्हैया तुम्ही हो।bd।
तर्ज - तुम्ही मेरे मंदिर।
जिधर देखता हूँ,
नजर तुम ही आते,
सभी भक्त...
कृपासिंधु मुझे अपना बना लोगे तो क्या होगा कबीर भजन
कृपासिंधु मुझे अपना,
बना लोगे तो क्या होगा,
जरा सतनाम कानो में,
सुना दोगे तो क्या होगा,
कृपासिन्धु मुझे अपना,
बना लोगे तो क्या होगा।bd।
तर्ज - मुझे तेरी मोहब्बत...
ज्योत जली तेरी तुझे आना पड़ेगा माता भजन लिरिक्स
ज्योत जली तेरी तुझे आना पड़ेगा,
गरीबो के घर भी भोग खाना पड़ेगा,
नही है मिश्री मेवा खिंचड़ा ही मिलेगा,
गरीबो के घर भी भोग खाना पड़ेगा।bd।
तर्ज...
जब जब भी तू हारे तो आना खाटू धाम भजन लिरिक्स
जब जब भी तू हारे,
तो आना खाटू धाम,
बाबा तुझे संभालेगा,
बोलो जय श्री श्याम,
बाबा तुझे संभालेगा,
बोलो जय श्री श्याम।bd।
तर्ज - सावन का महीना।
करके भरोसा जो...
ओ मीरा के गोपाल कर दियो तूने अजब कमाल भजन लिरिक्स
ओ मीरा के गोपाल,
कर दियो तूने अजब कमाल।
दोहा - मोर मुकुट पीताम्बर शोभित,
कुंडल झलकत कान,
मीरा के प्रभु गिरिधर नागर,
दे दर्शन को दान।
जो मैं ऐसा...
जब से लिया सहारा तेरा ओ मुरली वाले भजन लिरिक्स
जब से लिया सहारा,
तेरा ओ मुरली वाले,
सुख फीका फीका लगता,
तबसे ओ मुरली वाले,
जब से लिंया सहारा,
तेरा ओ मुरली वाले।bd।
तर्ज - तुझे भूलना तो चाहा।
दाता...
श्रीराम के सेवक हो हनुमान जी भजन लिरिक्स
माँ अंजनी के लाल,
कलयुग कर दियो निहाल,
ओ पवनपुत्र हनुमान,
तुम श्रीराम के सेवक हो,
श्रीराम के सेवक हो,
शिव शंकर के अवतार,
मेरे बालाजी सरकार,
ओ पवनपुत्र हनुमान,
तुम श्रीराम...
आओ बालाजी आओं बालाजी भजन लिरिक्स
आओ बालाजी,
आओं बालाजी,
दर्शन को प्यासे हैं नैना,
दर्श दिखाओ जी,
आओं बालाजी आओं बालाजी।bd।
तर्ज - मैं ना भूलूंगा।
निशदिन गुणगान करूँ,
तेरा ही ध्यान धरूँ,
गिरूं सौ बार मगर,
नज़रों...
देखो ढूंढ रहे श्री राम मगर सीता ना कही पाई भजन लिरिक्स
देखो ढूंढ रहे श्री राम,
मगर सीता ना कही पाई,
वन वन में भटके राम,
वन वन में भटके राम,
मगर सीता ना कही पाई,
देखो ढूँढ रहे श्री...









